CAC49 में भारत के नेतृत्व में सात कोडेक्स मानक अपनाए गए 2026
विकास सर द्वारा, संस्थापक एवं वरिष्ठ फैकल्टी – Cosmo Classes | 15 जुलाई 2026
कोडेक्स एलिमेंटेरियस आयोग का 49वाँ सत्र (CAC49) 6 से 10 जुलाई 2026 तक जिनेवा, स्विट्जरलैंड में सम्पन्न हुआ। इस सत्र में भारत ने कुल सात कोडेक्स मानकों एवं दिशानिर्देशों को अपनाए जाने में अग्रणी भूमिका निभाई। भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व FSSAI के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजित पुनहानी ने किया, जिससे वैश्विक खाद्य-मानक निर्धारण में देश की बढ़ती साख स्पष्ट हुई।
कोडेक्स एलिमेंटेरियस आयोग संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) तथा विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा संयुक्त रूप से संचालित एक अंतर-सरकारी निकाय है। इसकी स्थापना 1963 में हुई थी और यह खाद्य सुरक्षा, गुणवत्ता एवं निष्पक्ष व्यापार सुनिश्चित करने हेतु अंतरराष्ट्रीय खाद्य मानक व दिशानिर्देश तैयार करता है, जिन्हें विश्व भर के देश अपनी नीतियों का आधार बनाते हैं।
इस सत्र में अपनाए गए मानकों में से दो — सूखा धनिया बीज तथा ताजे करी पत्ते — पूरी तरह भारत की प्रत्यक्ष अध्यक्षता में विकसित किए गए। शेष पाँच मानक भारत की सह-अध्यक्षता में स्वीकृत हुए, जिनमें वेनिला, बड़ी इलायची, खाद्य प्रसंस्करण में सुरक्षित जल के उपयोग, चिकन मांस में कैम्पिलोबैक्टर व साल्मोनेला नियंत्रण, तथा प्रीपैकेज्ड खाद्य पदार्थों की लेबलिंग से संबंधित दिशानिर्देश शामिल हैं।
भारत के लिए एक बड़ी उपलब्धि यह रही कि काजू गिरी हेतु समर्पित कोडेक्स मानक पर कार्य आरंभ करने के प्रस्ताव को आयोग की मंजूरी मिल गई। साथ ही भारत को खाद्य मानकों से जुड़े एक नए कार्य समूह में महत्वपूर्ण ज़िम्मेदारी सौंपी गई, जो मसाला एवं बागवानी उत्पादों के वैश्विक व्यापार में देश की सशक्त स्थिति को दर्शाता है।
खाद्य व्यापार की दृष्टि से कोडेक्स मानकों का विशेष महत्व है, क्योंकि ये उत्पादों में एकरूप गुणवत्ता, स्पष्ट लेबलिंग तथा अंतरराष्ट्रीय बाजार पहुँच सुनिश्चित करते हैं। भारत जैसे कृषि-प्रधान एवं मसाला-निर्यातक देश के लिए इन मानकों में नेतृत्व करना निर्यात प्रतिस्पर्धा बढ़ाने और गैर-प्रशुल्क व्यापार बाधाओं को कम करने की दिशा में रणनीतिक लाभ प्रदान करता है।
व्यापक परिप्रेक्ष्य में यह उपलब्धि भारत की खाद्य कूटनीति और बहुपक्षीय मंचों पर बढ़ते प्रभाव को रेखांकित करती है। घरेलू स्तर पर FSSAI द्वारा मानकों का सुदृढ़ीकरण किसानों की आय, खाद्य प्रसंस्करण उद्योग तथा उपभोक्ता सुरक्षा — तीनों को लाभान्वित करता है, जिससे रोज़गार और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी बल मिलता है।
परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य (Exam Facts)
◆ CAC49 का आयोजन 6–10 जुलाई 2026 को जिनेवा, स्विट्जरलैंड में हुआ।
◆ भारत ने कुल सात कोडेक्स मानकों को अपनाने का नेतृत्व किया।
◆ भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व FSSAI CEO राजित पुनहानी ने किया।
◆ कोडेक्स एलिमेंटेरियस आयोग FAO व WHO का संयुक्त निकाय है, स्थापना 1963।
◆ सूखा धनिया बीज व ताजे करी पत्ते भारत की प्रत्यक्ष अध्यक्षता में विकसित।
◆ भारत को काजू गिरी कोडेक्स मानक पर कार्य आरंभ की मंजूरी मिली।
◆ FSSAI खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम (FSSA), 2006 के तहत कार्य करता है।
अभ्यास प्रश्न (Practice MCQs)
कुल 10 प्रश्न — 7 मध्यम स्तर एवं 3 UPSC/RPSC स्तर के।
प्रश्न 1. CAC49 का आयोजन किस शहर में हुआ?
उत्तर देखें
उत्तर: (B) जिनेवा
व्याख्या: कोडेक्स एलिमेंटेरियस आयोग का 49वाँ सत्र 6–10 जुलाई 2026 को स्विट्जरलैंड के जिनेवा में आयोजित हुआ।
प्रश्न 2. कोडेक्स एलिमेंटेरियस आयोग किन संगठनों द्वारा संयुक्त रूप से संचालित है?
उत्तर देखें
उत्तर: (A) FAO व WHO
व्याख्या: यह आयोग FAO (खाद्य एवं कृषि संगठन) और WHO (विश्व स्वास्थ्य संगठन) का संयुक्त अंतर-सरकारी निकाय है।
प्रश्न 3. भारत ने CAC49 में कितने कोडेक्स मानकों को अपनाने का नेतृत्व किया?
उत्तर देखें
उत्तर: (C) 7
व्याख्या: भारत ने कुल सात मानकों को अपनाने में अग्रणी भूमिका निभाई — दो प्रत्यक्ष अध्यक्षता में तथा पाँच सह-अध्यक्षता में।
प्रश्न 4. भारत को किस नए उत्पाद के कोडेक्स मानक पर कार्य आरंभ की मंजूरी मिली?
उत्तर देखें
उत्तर: (B) काजू गिरी
व्याख्या: काजू गिरी हेतु समर्पित कोडेक्स मानक पर कार्य शुरू करने के भारत के प्रस्ताव को आयोग ने स्वीकृति दी।
प्रश्न 5. FSSAI किस अधिनियम के तहत कार्य करता है?
उत्तर देखें
उत्तर: (A) FSSA 2006
व्याख्या: भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) की स्थापना खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के अंतर्गत हुई।
प्रश्न 6. निम्न में से कौन-से मानक भारत की प्रत्यक्ष अध्यक्षता में विकसित हुए?
उत्तर देखें
उत्तर: (B) सूखा धनिया बीज व ताजे करी पत्ते
व्याख्या: सूखा धनिया बीज एवं ताजे करी पत्ते — ये दोनों मानक पूरी तरह भारत की प्रत्यक्ष अध्यक्षता में तैयार किए गए।
प्रश्न 7. कोडेक्स एलिमेंटेरियस आयोग की स्थापना कब हुई?
उत्तर देखें
उत्तर: (B) 1963
व्याख्या: आयोग की स्थापना 1963 में FAO और WHO द्वारा संयुक्त रूप से की गई थी।
प्रश्न 8. CAC49 के संदर्भ में निम्न कथनों पर विचार कीजिए: 1. सूखा धनिया बीज व ताजे करी पत्ते भारत की प्रत्यक्ष अध्यक्षता में विकसित हुए। 2. कोडेक्स की स्थापना 1963 में हुई। 3. भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व FSSAI CEO ने किया। कौन-से कथन सही हैं?
उत्तर देखें
उत्तर: (D) 1, 2 और 3
व्याख्या: तीनों कथन सही हैं — दोनों मानक प्रत्यक्ष अध्यक्षता में थे, कोडेक्स 1963 में स्थापित हुआ, तथा प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व FSSAI CEO राजित पुनहानी ने किया।
प्रश्न 9. भारत की सह-अध्यक्षता में अपनाए गए पाँच मानकों में निम्न में से कौन शामिल नहीं है?
उत्तर देखें
उत्तर: (D) सूखा धनिया बीज
व्याख्या: सूखा धनिया बीज भारत की प्रत्यक्ष अध्यक्षता में विकसित हुआ, सह-अध्यक्षता वाले पाँच मानकों में नहीं आता; शेष तीनों सह-अध्यक्षता वाले मानकों में शामिल हैं।
प्रश्न 10. कोडेक्स मानकों का खाद्य व्यापार में मुख्य महत्व क्या है?
उत्तर देखें
उत्तर: (B) एकरूप गुणवत्ता, लेबलिंग व अंतरराष्ट्रीय बाजार पहुँच
व्याख्या: कोडेक्स मानक उत्पादों में एकसमान गुणवत्ता, स्पष्ट लेबलिंग एवं वैश्विक बाजार तक पहुँच सुनिश्चित करते हैं, जिससे गैर-प्रशुल्क व्यापार बाधाएँ कम होती हैं।
UPSC / RPSC प्रासंगिकता
➜ UPSC प्रीलिम्स: कोडेक्स एलिमेंटेरियस, FAO, WHO एवं FSSAI से जुड़े तथ्य।
➜ UPSC मेन्स (GS पेपर II/III): अंतरराष्ट्रीय संस्थान, खाद्य सुरक्षा एवं व्यापार।
➜ RPSC / SSC: अंतरराष्ट्रीय संगठन एवं करेंट अफेयर्स।
➜ खाद्य कूटनीति एवं मसाला निर्यात — निबंध व साक्षात्कार हेतु उपयोगी।
UPSC मुख्य परीक्षा वर्णनात्मक प्रश्न
GS पेपर II/III: "वैश्विक खाद्य-मानक निकायों में नेतृत्व भारत के व्यापार एवं खाद्य-सुरक्षा हितों को किस प्रकार आगे बढ़ाता है?" CAC49 में भारत की भूमिका के संदर्भ में विवेचना कीजिए। (250 शब्द, 15 अंक)
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